गुरुवार, 26 फ़रवरी 2015

लोरी !




चित्र गूगल से साभार


दूध से नहाये  चन्दा मामा 
मेरे घर तुम आना.....
सुन्दरता का राज अपनी 
हमको भी बतलाना .....,l

मम्मी बोले मामा तुमको 
मामी भी बोले मामा ....
नाना नानी बोले मामा 
तुम हो जग के मामा ...l 

नींद न आये रातभर मुझको 
लोरी सुनाओ मामा ....
माँ भी गायेगी लोरी साथ में 
मुझको सुला जाना ....l 

मैं हूँ छोटी गुडिया तुम्हारी 
 सपनों में मेरे तुम आना ....
अपनी मीठी बातों से 
मुझको खूब हँसाना ....l 

मेरे साथ खेलना तुम 
मेरे साथ सो जाना ....
चाँदनी लेकर चन्दा मामा 
मेरे घर तुम आना ....l

कालीपद "प्रसाद "
सर्वाधिकार सुरक्षित

8 टिप्‍पणियां:

Asha Joglekar ने कहा…

सुंदर प्यारी प्यारी लोरी।

प्रतिभा सक्सेना ने कहा…

बाल-मन को विभोर कर दे ऐसी प्यारी-सी लोरी !

vibha rani Shrivastava ने कहा…

हर कोई बचपन में सुनता है चंदा मामा दूर के
आपकी रचना बहुत प्यारी लगी

Kailash Sharma ने कहा…

बहुत प्यारी लोरी...

हिमकर श्याम ने कहा…

बहुत प्यारी लोरी है यह

प्रभात ने कहा…

सुन्दर बाल कविता ..........साभार!

sehba jafri ने कहा…

cute poem with soft expressions....

N A Vadhiya ने कहा…

Nice Article sir, Keep Going on... I am really impressed by read this. Thanks for sharing with us.. Happy Independence Day 2015, Latest Government Jobs.